
सांसद ढुलू महतो विस्थापितों के ग्यारह सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल के साथ सोमवार को केंद्रीय इस्पात मंत्री और सेल चेयरमैन अमरेंद्रु प्रकाश से मिले। 17 सुत्रि मांग पत्र सोपा। इस्पात मंत्री ने मामलों को गंभीरता से सुनी और बोकारो आने का बात कही है। मांग में प्रमुख हैं । चतुर्थ श्रेणी के पद पर आरक्षण को बहाल करना। अप्रेंटिस पास की जल्द नियुक्ति। अप्रेंटिस के लिए 4328 चयनित विस्थापितों के शेष विस्थापितों की अप्रेंटिस कराना और वैकल्पिक व्यवस्था के तहत शिक्षित बेरोजगारों को आउट सोर्सिंग में बीएसएल के वेतन द्वारा से समायोजित। बहाली की उम्र 45 वर्ष करना। 40 हजार वेतन के नीचे के वेतनमान के कामों में 75% स्थानीय की नियोजन। 19 गांव को पंचायत गठन में झारखंड सरकार को एनओसी। परती जमीन की वापस करना। विस्थापित संगठनों के साथ हुए समझोता को लागू करना । पुनर्वास क्षेत्र में रियायत दर पर बीएसएल का पानी बिजली । भर्रा पुनर्वास को कब्रिस्तान देना। ठेका मजदूरों का कटमनी रोकना। छटनी रोकना। इस दौरान सांसद ढुल्लू महतो ने कहा कि हर हाल में विस्थापित समस्या का समाधान निकलना चाहिए और स्थाई तौर पर ऐसी व्यवस्था हो कि कभी आगे विस्थापित के भावी पीढ़ी को संघर्ष में जीवन गंवाना नहीं पड़े। इस्पात मंत्री ने बोकारो आने का वचन दिया और विस्थापितों के मामलों पर निर्णायक पहल की बात कही। प्रतिनिधि मंडल में साधु शरण गोप, सहदेव साव, बैजनाथ बेसरा, रघुनाथ महतो, हसनुल अंसारी, भगवान प्रसाद साहू, इरफान अंसारी, कन्हैया पांडे, गोसूल आजम , फूलचंद महतो और अनूप कुमार थे।